Ninja assasin : अंधेरे में छुपा है एक मौत का फरिश्ता, दोनों हाथों में तेज धार तलवार सामने आप खड़े है बताओ जरा क्या करोगे ? जानिए क्या है फिल्म की कहानी।
दोस्तों क्या आप भी वॉरियर फिल्मों के दीवाने है और kill,लियो,जैसे खून खराबे वाले फिल्मे देखना पसंद करते है तो आज में आपको एक ऐसी फिल्म के बारे में बताऊंगा जिससे देखकर आपकी आँखें फटी की फटी रह जाएगी। तो चलिए जानते है कौनसी है वो फिल्म
𝗡𝗶𝗻𝗷𝗮 𝗮𝘀𝘀𝗮𝘀𝗶𝗻 : 2009 की वो हॉलवुड मूवी जिससे देखकर अच्छी अच्छी फिल्मे है फीकी चाय।
फिल्म की शुरुवात : फिल्म की शुरुआत होती है एक टैटू मास्टर से जो शहर के एक गुंडे के पीठ पर एक वॉरियर टैटू निकाल रहा होता है, लेकिन रंगों से भरी सुई पीठ में घुसती है तो वो तकलीफ गुंडा झेल नहीं पाता और उस बूढ़े इंसान पर घुसा हो जाता है।
लेकिन वो बूढ़ा इंसान उसे कहता है जो टैटू तुम निकाल रहे हो वो कोही मामूली टैटू नहीं है बल्कि वो इंसान का प्रतीक है जो उसके अंदर की काबिलियत को दर्शाता है। अगर तुम्हे यह टैटू बनाते वक्त तख़लीफ हो रही है और तुम इससे सहन करने की क्षमता नहीं रखते तो शायद तुम अभी इसके लायक नहीं हो। इस बात पर वो शहरी डॉन उसपर काफी घुसा हो जाता है लेकिन वो उस बूढ़े से यह कह कर बात टाल देता है, लक्की है तू मेरा टैटू अभी अधूरा है इसीलिए छोड़ रहा हु नहीं तो यही मार देता।
यह कहते ही उसका राइट हैंड उसके लिए एक खत लेके आता और अपने बॉस के सामने खोलता है तो उसमें से सिर्फ रेत निकलती है बस काली रेत। लेकिन तभी सामने खड़े उस बूढ़े के हाथ से सुई नीचे गिरती है और वो उन सबसे कहता है ( नहीं....
यह सिर्फ काली रेत नहीं बल्कि मौत की चेतावनी है जो गहरे अंधेरे से आकर सबको मौत के घाट उतार देगा। यह सुनकर सभी उस बूढ़े का मजाक उड़ाते है, लेकिन उनकी हसी तब खौफ से मिलती है जब उनमें से एक चेहरा हस्ते हस्ते एक झटके में जमीन पर पड़ा दिखा।
आसपास की सभी लाइटें बुझ चुकी है बस चारो तरफ अंधेरा ही अंधेरा। कुछ ही पल में सभी को मौत के घाट उतार दिया। काटा इतने बुरी तरीके से ज़बान से बताना मुश्किल है। आखिर में बचा सिर्फ वो बूढ़ा और शहरी गैंग्स्टर लेकिन उसकी आंखों में अब हिम्मत नहीं बल्कि मौत का खौफ था। लटपटी ज़बान से ( तेरा नहीं मेरा नहीं अब काटना बंद कर चल ना मांडवली कर लेते है,, तुम्हे जिससे भेजा है में तुम्हे उसका दो गुनाह दूंगा तीन गुनाह दूंगा तू जितना चाहे ले ले बस मुझे छोड़ दे ) गैंगस्टर भी गया पहले हाथ काटे और फिर गला
लेकिन पास में खड़े बूढ़ा उससे कहता है तुम उससे मांडवली नहीं कर सकते वो ऊपर से आया हुआ एक मौत का फरिश्ता है।
गैंगस्टर भी गया पहले हाथ काटे और फिर गला, बचा वो बूढ़ा तब जाकर कही अंधेरे से वो चेहरा बाहर आया एक हाथ में तलवार जो खून से रंगी हो और और कुछ बूंदे जमीन पर गिर रहे हो। काली रेत की चेतावनी बस उन्हीं के लिए थी लेकिन अब तुमने मुझे देखा है तो तुम्हे में जिंदा कैसे छोड़ दु..! हाथ में पकड़ी तलवार फिर एक बार घूमी एक और मौत खून में समा गई और नाम आया
𝗡𝗶𝗻𝗷𝗮 𝗮𝘀𝘀𝗮𝘀𝗶𝗻
फिल्म की कहानी : फिल्म की असल कहानी बच्चों की है जिन्हें बचपन में अकेले किडनैफ करके उन्हें बुराई सिखाई जाती है, निंजा बनना कोही मजाक नहीं बल्कि एक कठोर परिश्रम है जो उन्हें सिखाया जाता है और बड़े होने के बाद उन्हें एक टीम की तरह इस्तमाल किया जाता है तुम 50 किलो सोना दो बदले में जिससे मारने बोलो काम हो जाएगा।
तो यह फिल्म "निन्जा असैसिन" 2009 में रिलीज़ हुई थी। यह फिल्म एक एक्शन-थ्रिलर फिल्म है, जिसमें निन्जा और मार्शल आर्ट्स की बहुत ही अच्छी तरह से प्रदर्शन किया गया है।
फिल्म के निर्देशक जेम्स मैक्टीग हैं, और इसमें रेन कोटोबर, नाओमी हैरिस, और बेन माइल्स जैसे अभिनेताओं ने काम किया है।
फिल्म की कहानी एक निन्जा के इर्द-गिर्द घूमती है, जो अपने गुरु की मौत का बदला लेने के लिए निकलता है। फिल्म में बहुत ही अच्छी तरह से एक्शन, थ्रिलर और मार्शल आर्ट्स का मिश्रण है।
मेने तो बस फिल्म की शुरुवात शब्दों में बताई है, सोचो आगे की कहानी कितनी भयानक होगी जब रेन इसी बुराई को जड़ से खत्म कर देगा,, या शायद नहीं भी।
कृपया फिल्म अधूरी ना छोड़कर पूरी देखे ; नहीं तो काली रेत का तौफ़ा आपका इंतजार कर रहा है।
टिप्पणियाँ
एक टिप्पणी भेजें